करनाल के विकास पर 347 करोड़ खर्च करेगा नगर निगम
करनाल, अभी अभी। महापौर रेनू बाला गुप्ता की अध्यक्षता में नगर निगम के वित्तीय वर्ष 2026-27 का 347 करोड़ 13 लाख 45 हजार रुपये के प्रस्तावित व्यय का बजट सोमवार को सर्वसम्मति से पारित हो गया। इस बजट में जन सुविधाओं पर खर्च को लेकर गत वर्ष की अपेक्षा ज्यादा जोर दिया गया है। बैठक में करनाल के विधायक जगमोहन आनंद, नगर निगम आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा, करनाल के सांसद प्रतिनिधि कविन्द्र राणा, सभी 20 वार्डों के निगम पार्षद और निगम के वरिष्ठ अधिकारी तथा शाखा अध्यक्ष मौजूद रहे। बैठक में विधायक जगमोहन आनंद ने प्रस्तुत बजट पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त की और कहा कि नगर निगम का यह बजट पूरी तरह से जनता को समर्पित है। इससे शहर के विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवंटित बजट का शत-प्रतिशत और सही उपयोग सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने पार्षदों से अपील की कि वे अपने वार्डों की जरूरतों के अनुसार प्राथमिकता तय करें ताकि विकास कार्यों का लाभ सीधे जनता तक पहुंचे। अधिकारियों और पार्षदों के आपसी सहयोग से शहर उन्नति की नई दिशा की ओर अग्रसर होगा। उन्होंने पार्षदों को कहा कि सप्ताह में कम से कम 2 से 3 बार निगम कार्यालय आना चाहिए ताकि वे अपने क्षेत्र की समस्याओं और विकास कार्यों की प्रगति पर नजर रख सकें। उन्होंने नगर निगम के एएमसी को निर्देश दिए कि सभी पार्षदों को बजट के बारे में संक्षिप्त और विस्तृत जानकारी दी जाए ताकि किसी के मन में कोई संदेह न रहे।
अगले बजट में प्री-बजट मीटिंग वार्ड स्तर पर की जाएगी आयोजित : महापौर
बैठक में महापौर रेनू बाला गुप्ता ने कहा किया कि यह बजट करनाल को एक आधुनिक और सुविधायुक्त शहर बनाने में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने बताया कि सभी वार्डों में समान रूप से विकास कार्य करवाए जा रहे हैं। अगले बजट में प्री-बजट मीटिंग वार्ड स्तर पर आयोजित की जाएगी, ताकि बजट निर्माण में आम जनता और वार्ड समितियों के सुझावों को भी शामिल किया जा सके और विकास योजनाएं धरातल की जरूरतों के अनुरूप बन सकें।
नगर निगम आयुक्त डॉ. वैशाली शर्मा ने विधायक, महापौर व सभी पार्षदों को आश्वासन दिया कि शहर में तेजी से विकास कार्य करवाए जाएंगे। आमजन की समस्याओं का समाधान किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि समस्या का पता लगने पर उसका तुरंत समाधान निकाला जाए। इस कार्य में लेट-लतीफी न की जाए। उन्होंने शहर में बेहतर व्यवस्था और सुनियोजित तरीके से विकास कार्य करवाने के लिए हाऊस का सहयोग मांगा। बैठक में कविंद्र राणा ने भी बजट को और बेहतर बनाने के लिए सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की तर्ज पर अब नगर निगम में भी प्री-बजट बैठकों का आयोजन हो ताकि समावेशी बजट तैयार किया जा सके। बैठक में अतिरिक्त निगम आयुक्त अशोक कुमार, उप निगम आयुक्त विनोद नेेहरा, सभी निगम पार्षद व मनोनीत पार्षद सहित नगर निगम के अधिकारी मौजूद रहे।
















































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































































